भारतीय🇮🇳👳 संस्कृति में कोरोना से बचाव के उपाय

प्रिय दोस्तों👭👬👫 आज फिर से मुझे कोरोना जैसे महामारी पर कुछ लिखने का मन कर रहा है क्योंकि अभी भी इसका खतरा टला नहीं है  . 
कोरोना से बचाव में भारतीय संस्कृति की अहम भूमिका रही है. 
जैसा कि हम सभी को मालूम है और ये सारी बातें हमलोग को कहीं न कही बचपन से पता भी है  . ये अलग बात है कि हम सब अपने परंपरा गत आदतों को छोड़ते जा रहे थे   आज वही सब  आदतों को फिर से अपने जीवन में शामिल करने की आवश्यकता आन पड़ी है  . 
अभिवादन करने का तरीका  
अब तो ये सिद्ध हो गया कि अभिवादन करने की भारतीय परंपरा ही सर्वश्रेष्ठ है. दोनों हाथों को जोडकर नमस्ते👋 करने की परंपरा का कोई जवाब नहीं.  भारतीय संस्कृति में हर कोई को चूमने और   हर व्यक्ति को  गले लगाने की प्रथा नहीं रही है खासकर बडे़ हो जाने के बाद  . नमस्ते वाला अभिवादन अब विश्वव्यापी 🌍 हो चला है  . कोरोना से बचाव के लिए शारीरिक दूरी है बहुत जरूरी  . 
 स्वच्छता वाली आदत -  रखे सही सलामत          भारतीय परंपरा में साफ़ सफाई पर विशेष ध््यान हमेशा से दिया जाता रहा है. लगभग सभी भारतीयों के घर🏡 में बाहर चप्पल जूते👢👡 खोल कर  घर में प्रवेश करने की परंपरा थीी जिसे हम भुलाते जा रहे थे. अब फिर से हमें उन्ही आदतों को अपना लेेेना है.  भारत में कोई भी अनुष्ठान करने के पहले स्नान करने की परंंपरा रही है. खाना खाने के पहले या फिर शौच के बाद हाथ अच्छी तरह से धुलवाने की आदत सभी भारतीय माता बचपन से ही सिखाया करतीं हैं  . 
खान - पान का तरीका     है बचाव का मौका        भारतीय भोजन में शाकाहारी भोजन ज्यादा लोकप्रिय रहा है  . भारत में अभी भी ज्यादातर घरों में शाकाहारी भोजन  का प्रचलन है .

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